महाराष्ट्र के नंदुरबार के वर्धे टेंभे गांव में शुक्रवार को एक तेंदुआ शिकार करने के लिए एक कुत्ते के पीछे दौड़ा और दोनों एक कुएं में जा गिरे। दोनों तकरीबन 7 घंटे तक कुएं में एक दूसरे के सामने बैठे रहे और तेंदुए ने कुत्ते पर जरा भी हमला नहीं किया।
वन विभाग ने रेस्क्यू कर दोनों को बाहर निकाला
स्थानीय लोगों ने उन्हें कुएं में गिरा देख वन विभाग को इसकी सूचना दी और तकरीबन 4 घंटे के प्रयास के बाद दोनों को सही सलामत रेस्क्यू किया गया। वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी सुरेश केवटे का कहना है- पशु जब भी मुश्किल में होते हैं, वे एक-दूसरे के साथ खड़े हो जाते हैं। यहां भी दोनों की जान पर बन आई थी। सुबह जब कुत्ता और तेंदुआ दोनों कुएं में गिरे तो कुत्ते के पीछे 5-6 कुत्ते थे, उन्होंने कुएं में जाकर कुत्ते की सुरक्षा के लिए ऊपर से भोंकना शुरू कर दिया था। इस कारण तेंदुआ घबरा गया और उसने कुत्ते पर हमला नहीं किया। दोनों को 4 घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बाहर निकाला गया।